स्वाभिमान की शक्ति: Chatrapati Sambhaji Maharaj का इतिहास-निर्माता बलिदान
–Chatrapati Sambhaji Maharaj– Chatrapati Sambhaji Maharaj मराठा साम्राज्य के दूसरे छत्रपति, छत्रपति शिवाजी महाराज और सईबाई के ज्येष्ठ पुत्र, पराक्रम, विद्वत्ता और अदम्य धर्म-स्वाभिमान के प्रतीक थे; उनका जन्म 14 मई 1657 को पुरंदर किले में हुआ और 11 मार्च 1689 को औरंगज़ेब के आदेश पर तुलापुर (भीमा-इंद्रायणी संगम) में वीभत्स यातनाओं के बाद बलिदान…